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- 12h ago
बड़ौत। तहसील क्षेत्र के हिलवाड़ी गांव में मुख्य मार्ग पर बनी पुलिया पिछले करीब छह माह से क्षतिग्रस्त पड़ी हुई है। पुलिया टूटने के कारण ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे अधिक परेशानी स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे बच्चों, बुजुर्गों, महिलाओं और रोजाना इस मार्ग से गुजरने वाले ग्रामीणों को उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार स्थानीय जनप्रतिनिधियों और संबंधित अधिकारियों को समस्या से अवगत कराने के बावजूद अभी तक पुलिया की मरम्मत नहीं कराई गई है। समस्या का समाधान नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
मामले को लेकर किसान मजदूर संगठन ने भी अब मोर्चा खोलने की तैयारी कर ली है। संगठन के जिलाध्यक्ष चौधरी कालूराम सिंह हिलवाड़ी ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पुलिया की मरम्मत का कार्य शुरू नहीं कराया गया तो संगठन के कार्यकर्ता बड़ौत तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
छह महीने से टूटी पड़ी है मुख्य मार्ग की पुलिया
जानकारी के अनुसार हिलवाड़ी गांव के मुख्य आवागमन मार्ग पर बनी पुलिया करीब छह माह से खराब स्थिति में है। पुलिया क्षतिग्रस्त होने के कारण रास्ते से गुजरने वाले लोगों को काफी सावधानी बरतनी पड़ती है। ग्रामीणों का कहना है कि यह मार्ग गांव के लोगों के लिए महत्वपूर्ण है और प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग इसका इस्तेमाल करते हैं। इसके बावजूद लंबे समय से पुलिया की मरम्मत नहीं होना चिंता का विषय बना हुआ है।
ग्रामीणों के अनुसार, पुलिया की खराब स्थिति के चलते वाहन चालकों को भी परेशानी होती है। दोपहिया वाहन चालकों और पैदल चलने वालों को विशेष सतर्कता बरतनी पड़ती है। रात के समय पर्याप्त रोशनी नहीं होने पर रास्ते से गुजरना और भी मुश्किल हो सकता है।
नन्हे-मुन्ने स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही परेशानी
इस समस्या का सबसे गंभीर असर स्कूल जाने वाले बच्चों पर पड़ रहा है। किसान मजदूर संगठन के जिलाध्यक्ष चौधरी कालूराम सिंह ने बताया कि इसी मार्ग से प्राथमिक पाठशाला नंबर दो में पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं रोजाना आवागमन करते हैं। इनमें छोटे-छोटे बच्चे भी शामिल हैं, जिन्हें स्कूल आने-जाने के दौरान काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए पुलिया की मरम्मत जल्द कराना बेहद जरूरी है। क्षतिग्रस्त रास्ते से गुजरते समय बच्चों के फिसलने या चोटिल होने की आशंका बनी रहती है। अभिभावकों को भी बच्चों के स्कूल जाने और वापस घर लौटने के दौरान चिंता सताती रहती है।
ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षा के लिए प्रतिदिन स्कूल जाने वाले बच्चों को सुरक्षित रास्ता उपलब्ध कराना संबंधित विभाग और ग्राम पंचायत की जिम्मेदारी है। ऐसे में छह महीने से खराब पड़ी पुलिया की अनदेखी किए जाने से लोगों में नाराजगी है।
प्रधान और सेक्रेटरी को कई बार कराया अवगत
किसान मजदूर संगठन के जिलाध्यक्ष चौधरी कालूराम सिंह हिलवाड़ी ने बताया कि पुलिया की समस्या को लेकर कई बार ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत सेक्रेटरी को अवगत कराया जा चुका है। उनसे पुलिया की मरम्मत कराने की मांग भी की गई, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण लगातार इस समस्या के समाधान की उम्मीद लगाए बैठे हैं। मुख्य मार्ग की पुलिया लंबे समय से क्षतिग्रस्त होने के बावजूद मरम्मत कार्य शुरू नहीं होना ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। यदि समय रहते इस पर ध्यान दिया जाता तो लोगों को इतनी लंबी अवधि तक परेशानी नहीं झेलनी पड़ती।
किसान मजदूर संगठन ने दी तहसील में धरने की चेतावनी
पुलिया की मरम्मत नहीं होने पर किसान मजदूर संगठन ने आंदोलन की चेतावनी दी है। संगठन के जिलाध्यक्ष ने कहा कि यदि जल्द ही संबंधित अधिकारियों और ग्राम पंचायत की ओर से पुलिया को ठीक कराने की पहल नहीं की गई तो संगठन के कार्यकर्ता बड़ौत तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन करेंगे।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि ग्रामीणों की इस समस्या को अब और नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। संगठन गांव के लोगों और स्कूली बच्चों की परेशानी को देखते हुए पुलिया की मरम्मत कराने के लिए प्रशासन से मांग करेगा।
गांव में पंचायत बुलाकर प्रधान और सेक्रेटरी से मांगा जाएगा जवाब
चौधरी कालूराम सिंह ने बताया कि इस मुद्दे को लेकर जल्द ही गांव में एक पंचायत भी बुलाई जाएगी। पंचायत में ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत सेक्रेटरी दोनों को बुलाकर पुलिया की खराब स्थिति और अब तक मरम्मत नहीं होने के संबंध में बातचीत की जाएगी।
उन्होंने कहा कि पंचायत के माध्यम से संबंधित जिम्मेदारों के सामने ग्रामीणों की समस्या रखी जाएगी और उनसे जल्द समाधान कराने की मांग की जाएगी। संगठन चाहता है कि गांव के लोगों को अपने ही मुख्य मार्ग से आवागमन करने में परेशानी न उठानी पड़े और स्कूली बच्चों को सुरक्षित रास्ता मिल सके।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि पंचायत में भी समस्या का समाधान नहीं निकला और पुलिया की मरम्मत को लेकर कोई ठोस आश्वासन या कार्रवाई नहीं हुई तो किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ता बड़ौत तहसील परिसर में धरने पर बैठेंगे।
ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द मरम्मत कराने की मांग की
हिलवाड़ी गांव के ग्रामीणों की मांग है कि मुख्य मार्ग की क्षतिग्रस्त पुलिया का जल्द निरीक्षण कराकर उसकी मरम्मत कराई जाए। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया की समस्या केवल कुछ लोगों तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे गांव के आम नागरिकों, विद्यार्थियों और राहगीरों को रोजाना परेशानी उठानी पड़ रही है।
ग्रामीण चाहते हैं कि संबंधित विभाग इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मरम्मत कार्य शुरू कराए, ताकि किसी बड़े हादसे की आशंका को टाला जा सके।
अब प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार
करीब छह माह से टूटी पड़ी पुलिया को लेकर अब किसान मजदूर संगठन ने आंदोलन का रुख अपनाने के संकेत दे दिए हैं। एक ओर ग्रामीणों को रोजाना आवागमन में परेशानी हो रही है, वहीं दूसरी ओर स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
अब देखना होगा कि संगठन की चेतावनी और गांव में प्रस्तावित पंचायत के बाद ग्राम पंचायत एवं संबंधित अधिकारी इस समस्या के समाधान के लिए क्या कदम उठाते हैं। फिलहाल ग्रामीणों की मांग स्पष्ट है कि मुख्य मार्ग की पुलिया की मरम्मत जल्द कराई जाए, जिससे आवागमन सुचारु हो सके और बच्चों सहित सभी ग्रामीण सुरक्षित तरीके से अपने गंतव्य तक पहुंच सकें।
वरिष्ठ उप-संपादक,( डॉ योगेश कौशिक )।


